विकास दुबे को गुरुवार सुबह मध्य प्रदेश के उज्जैन के महाकाल मंदिर से गिरफ्तार किया गया। (स्रोत: एएनआई)
उत्तर प्रदेश के गैंगस्टर विकास दुबे कानपुर में आठ पुलिसकर्मियों की हत्या के मामले में वांछित है। महाकाल मंदिर से गिरफ्तार किया गया मध्य प्रदेश के उज्जैन में गुरुवार सुबह एक दर्दनाक हादसा हुआ।
उज्जैन कलेक्टर आशीष सिंह ने बताया कि मंदिर में प्रवेश करते ही एक व्यापारी ने दुबे को पहचान लिया और सुरक्षाकर्मियों को इसकी जानकारी दी। उसे ट्रैक किया गया और जब वह दर्शन करके बाहर निकला तो उसे गिरफ्तार कर लिया गया। उसने विरोध किया लेकिन आखिरकार उसने स्वीकार कर लिया कि वह दुबे ही था।
कानपुर के चौबेपुर क्षेत्र के बिकरू गांव में पिछले शुक्रवार को विकास दुबे को गिरफ्तार करने गए एक पुलिस उपाधीक्षक समेत आठ पुलिसकर्मियों पर घात लगाकर हमला किया गया और उन्हें छतों से गोली मार दी गई। विकास दुबे तब से फरार था। हत्या और हत्या के प्रयास समेत करीब 60 आपराधिक मामलों का सामना कर रहे गैंगस्टर को आखिरी बार हरियाणा के फरीदाबाद में देखा गया था और उस पर 5 लाख रुपये का नकद इनाम था। तमिल में पढ़ें
बिकरू गांव में हुई हत्या के कुछ घंटों बाद ही पुलिस ने विकास दुबे के मामा प्रेम प्रकाश पांडे और उसके साथी अतुल दुबे को मार गिराया था। दोनों के नाम एफआईआर में दर्ज हैं।
दुबे की गिरफ्तारी के बाद यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने राज्य सरकार से उसके विस्तृत कॉल रिकॉर्ड (सीडीआर) जारी करने को कहा है।

वह एक स्वतंत्र ब्लॉगर, लेखिका और वक्ता हैं, और विभिन्न मनोरंजन पत्रिकाओं के लिए लिखती हैं।

